🌟 UPTET & CTET 2026: बाल विकास (CDP) अध्याय 14 - अभिप्रेरणा और अधिगम (विस्तृत नोट्स) 🌟 दोस्तों, SK SACHIN CLASSES की बाल विकास (CDP) सीरीज़ में आज हम एक ऐसा अध्याय पढ़ने जा रहे हैं जो केवल परीक्षा के लिए ही नहीं, बल्कि हमारी असल ज़िंदगी के लिए भी बहुत ज़रूरी है— अभिप्रेरणा (Motivation) । बिना प्रेरणा के कोई भी इंसान कुछ नहीं सीख सकता। जैसे गाड़ी को चलने के लिए पेट्रोल की ज़रूरत होती है, वैसे ही सीखने (Learning) के लिए इंसान को 'प्रेरणा' की ज़रूरत होती है। एक शिक्षक का सबसे पहला काम पढ़ाना नहीं, बल्कि बच्चों को पढ़ने के लिए 'प्रेरित' करना होता है। आइए, मनोविज्ञान की दृष्टि से इसे गहराई से समझते हैं। 🔹 1. अभिप्रेरणा (Motivation) का अर्थ और उत्पत्ति अंग्रेजी का शब्द 'Motivation' लैटिन भाषा के शब्द 'Movere' (मोवेयर) या 'Motum' से बना है, जिसका अर्थ होता है— "To move" (गति करना या आगे बढ़ना) । मनोविज्ञान में अभिप्रेरणा एक ऐसी 'आंतरिक शक्ति' (Internal Power) या ऊर्जा है, जो किसी व्यक्ति को तब तक काम करने के लिए ...