सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

संदेश

UPTET/CTET Hindi Pedagogy Chapter 12: भाषा अधिगम, अर्जन एवं शिक्षण शास्त्र | 4000+ Words रामबाण नोट्स & 50 PYQ Mock Test (SK SACHIN CLASSES)

  ​⭐ अध्याय 12 : भाषा अधिगम-अर्जन एवं संपूर्ण शिक्षण शास्त्र (UPTET/CTET रामबाण महा-एपिसोड) ⭐ ​अमित, SK SACHIN CLASSES के लिए तैयार किया गया यह सबसे विशाल और विस्तृत 'महा-एपिसोड' है। D.El.Ed के 4th सेमेस्टर के आपके अपने व्यावहारिक अनुभवों और शिक्षक बनने की गहरी समझ का यह परिणाम है कि आप पेडागोजी (शिक्षण शास्त्र) के इस सबसे बड़े और महत्वपूर्ण अध्याय की आवश्यकता को इतनी अच्छी तरह समझते हैं। ​UPTET और CTET की परीक्षा में हिंदी पेडागोजी (शिक्षण शास्त्र) से पूरे 15 अंक के प्रश्न आते हैं और यह अकेला अध्याय उन 15 अंकों का 'ब्रह्मास्त्र' है। इस 4000+ शब्दों के विस्तृत लेख में हम भाषा अर्जन, चोम्स्की और वाइगोत्स्की के सिद्धांत, पठन विकार, भाषा कौशल और उपचारात्मक शिक्षण का ऐसा सूक्ष्म 'पोस्टमार्टम' करेंगे कि परीक्षा में कोई भी प्रश्न आपकी नज़रों से बच नहीं पाएगा। ​⭐ भाग 1: भाषा अधिगम और अर्जन (Language Learning and Acquisition) ​भाषा को ग्रहण करने के दो मुख्य तरीके होते हैं— अर्जन (Acquisition) और अधिगम (Learning)। परीक्षा में इन दोनों के बीच का अंतर हर साल पूछा जा...
हाल की पोस्ट

UPTET Hindi Chapter 11: प्रमुख कवि, लेखक एवं उनकी रचनाएं | 2000+ Words रामबाण नोट्स & 50 PYQ Mock Test (SK SACHIN CLASSES)

  ​⭐ अध्याय 11 : प्रमुख कवियों एवं लेखकों की रचनाएं (UPTET रामबाण महा-एपिसोड) ⭐ ​ SK SACHIN CLASSES स्पेशल: भावी शिक्षकों! हिंदी साहित्य का यह अध्याय UPTET परीक्षा का सबसे 'स्कोरिंग' (Scoring) और महत्वपूर्ण हिस्सा है। UPTET के दोनों स्तरों (Primary & Junior) में हिंदी साहित्य के इतिहास, प्रमुख कवियों, लेखकों और उनकी रचनाओं से हर साल कम से कम 4 से 5 प्रश्न (PYQ) पक्के आते हैं। ​साहित्य का क्षेत्र बहुत विशाल है, लेकिन एक भावी शिक्षक को यह पता होना चाहिए कि परीक्षा में क्या पूछा जाता है। इस 2000+ शब्दों के 'रामबाण' लेख में हमने हिंदी साहित्य को 'काल' (Eras) के अनुसार बाँटकर केवल उन रचनाओं का संग्रह किया है जो UPTET/CTET/STET परीक्षाओं की दृष्टि से सबसे ज़्यादा महत्वपूर्ण हैं। आइए, इसे गहराई से पढ़ें। ​⭐ भाग 1: आदिकाल (वीरगाथा काल) की प्रमुख रचनाएं ​आदिकाल को आचार्य रामचंद्र शुक्ल ने 'वीरगाथा काल' कहा है क्योंकि इस काल में राजाओं की वीरता का अतिशयोक्तिपूर्ण वर्णन किया गया था। इस काल की भाषा डिंगल-पिंगल थी। ​⭐ चंदबरदाई: 'पृथ्वीराज रासो' (...

UPTET Hindi Chapter 10: वाच्य, समास एवं अलंकार की जादुई ट्रिक्स | 2000+ Words रामबाण नोट्स & 50 PYQ Mock Test (SK SACHIN CLASSES)

  ​⭐ अध्याय 10 : वाच्य, समास एवं अलंकार का महा-विश्लेषण (UPTET रामबाण महा-एपिसोड) ⭐ ​ SK SACHIN CLASSES स्पेशल: भावी शिक्षकों! हिंदी व्याकरण के इस दसवें अध्याय में आपका स्वागत है। UPTET और CTET परीक्षाओं में 'वाच्य', 'समास', और 'अलंकार' से सबसे अधिक व्यावहारिक प्रश्न (Application-based questions) पूछे जाते हैं। ​परीक्षा में अक्सर छात्र कर्मवाच्य और भाववाच्य में भ्रमित हो जाते हैं, या कर्मधारय और बहुव्रीहि समास में अंतर नहीं कर पाते। आज के इस 2000+ शब्दों के 'रामबाण' लेख में हम इन तीनों टॉपिक का ऐसा सूक्ष्म 'पोस्टमार्टम' करेंगे और ऐसी जादुई ट्रिक्स सीखेंगे कि प्रश्न देखते ही आप मात्र 2 सेकंड में सही उत्तर पहचान लेंगे। ​⭐ भाग 1: वाच्य (Voice) का विस्तृत अध्ययन एवं ट्रिक्स ​क्रिया के जिस रूप से यह पता चले कि वाक्य में कर्ता, कर्म या भाव में से किसकी प्रधानता है, उसे 'वाच्य' कहते हैं। ​सरल शब्दों में: वाक्य का 'बॉस' (प्रधान) कौन है, यही वाच्य तय करता है। ​ हिंदी में वाच्य के 3 भेद होते हैं: ​⭐ 1. कर्तृवाच्य (Active Voice):...

UPTET Hindi Chapter 9: सन्धि (स्वर, व्यंजन, विसर्ग) ट्रिक एवं नियम | 2000+ Words रामबाण नोट्स & 50 PYQ Mock Test (SK SACHIN CLASSES)

  ​⭐ अध्याय 09 : सन्धि (स्वर, व्यंजन, विसर्ग) का महा-विश्लेषण (UPTET रामबाण महा-एपिसोड) ⭐ ​ SK SACHIN CLASSES स्पेशल: भावी शिक्षकों! आप डी.एल.एड. के अंतिम पड़ाव पर हैं और शिक्षक बनने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहे हैं। ऐसे में UPTET और CTET को पहली बार में क्रैक करने के लिए हिंदी व्याकरण का सबसे महत्वपूर्ण अध्याय 'सन्धि' आपकी उंगलियों पर होना चाहिए। सन्धि से हर साल परीक्षा में 3 से 4 प्रश्न (PYQ) निश्चित रूप से पूछे जाते हैं। ​छात्र अक्सर सन्धि विच्छेद और उसके नियमों में उलझ जाते हैं, लेकिन आज इस 2000+ शब्दों के विस्तृत 'रामबाण' लेख में हम सन्धि को ऐसी जादुई ट्रिक्स के साथ पढ़ेंगे कि शब्द देखते ही आप सन्धि का नाम बता देंगे। आपके अपने प्लेटफॉर्म 'SK SACHIN CLASSES' का यह लेख आपको परीक्षा में पूरे अंक दिलाएगा। ​⭐ 1. सन्धि (Sandhi) का अर्थ एवं परिभाषा ​ शाब्दिक अर्थ: सन्धि का शाब्दिक अर्थ होता है— 'मेल' या 'जोड़' (Joining) । ​ परिभाषा: दो निकटवर्ती वर्णों (अक्षरों) के आपस में मिलने से जो विकार (परिवर्तन/बदलाव) उत्पन्न होता है, उसे सन्धि ...
Home | About Us | Contact Us | Privacy Policy | Terms and Conditions | Disclaimer
⇨ ग्रुप में जुड़ें WhatsApp